भारतीय टीम के मुख्य कोच लुइस नोर्टन डी माटोस ने सोमवार को फीफा अंडर-17 विश्व कप के ग्रुप-ए मैच में कोलंबिया से रोमांचक मैच में मिली 1-2 से हार के बाद कहा कि हमारी टीम ने बताया है कि हम बड़ी टीमों के सामने चुनौती पेश कर सकते हैं।

कोलंबिया ने जुयान पेनालोजा के दो गोल के दम पर भारत को करीबी मुकाबले में 2-1 से मात दी। भारत के लिए एकमात्र गोल जीकसन थोउनाओजाम ने दागा। भारत ने इस मैच में उम्मीद से कई बेहतर खेल दिखाया और कोलंबिया को संघर्ष करने पर मजबूर किया।

मेजबान टीम ने अपने बेहतरीन डिफेंस के दम पर कोलंबिया को पहले हाफ में एक भी गोल नहीं करने दिया। मैच के बाद संवाददाता सम्मेलन में माटोस ने कहा, ‘मुझे आज अपनी टीम पर गर्व है। यह शानदार मैच था। मैं हमेशा कहता हूं कि आपके पास जीतने का मौका होता है और मुझे लगता है कि हम यह आज कर सकते थे। हालांकि उन्होंने दोबारा गोल कर दिया और हम मैच हार गए। कोच ने कहा, ‘लेकिन हमने बताया कि हम कोलंबिया के स्तर की फुटबाल खेल सकते हैं।’

`माटोस ने कहा कि अपना पहला गोल दागने के बाद मेजबान टीम उत्साह में आ गई थी और इसी कारण अपनी एकाग्रता खो बैठी जिसके कारण कोलंबिया ने दोबारा गोल मार दिया। कोच ने कहा, ‘कुछ पल ऐसे थे जब हमने अपनी एकाग्रता खो दी थी। जब कोलंबिया ने गोल किए वो उनमें से एक पल था। हमारी टीम का उत्साह में आ जाना इसका कारण था।’

माटोस ने कहा कि उनकी टीम को अपने अंदर और आक्रामकता लानी है। कोच के मुताबिक, ‘अपने अंदर आक्रामकता लाने के लिए हमें लगातार सुधार करना होगा। यह काफी मुश्किल है जिसमें समय लगेगा।’