सिंहस्थ मेला क्षेत्र में भू-खण्ड आवंटन की स्वीकृति ऑनलाइन भी

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उज्जैन में वर्ष 2016 में होने वाले सिंहस्थ में मेला क्षेत्र में भू-खण्ड आवंटन का काम तेजी से किया जा रहा है। आवेदकों से भू-खण्ड आवंटन के आवेदन ऑनलाइन भी प्राप्त किये जा रहे हैं। मेला कार्यालय द्वारा भू-खण्ड स्वीकृति की स्थिति ऑनलाइन भी भेजी जा रही है। इसके लिये आवेदक द्वारा अपने आवेदन में ई-मेल आई.डी. की जानकारी दिया जाना आवश्यक किया गया है।

मेला क्षेत्र में जिस आवेदक को भू-खण्ड आवंटित किया गया है, उसकी जानकारी आवेदक को एसएमएस के माध्यम से भी दी जा रही है। मेला क्षेत्र में भू-खण्ड आवंटन के बाद संबंधित शासकीय विभाग द्वारा भू-खण्ड पर अपनी सेवाएँ देने की कार्यवाही तत्काल शुरू की जा रही है। इनमें मध्यप्रदेश विद्युत वितरण कम्पनी, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी तथा खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग शामिल हैं। इन विभागों द्वारा स्वीकृति की प्रक्रिया को भी ऑनलाइन किया गया है।

सिंहस्थ मेला क्षेत्र में राज्य सरकार के सभी विभाग द्वारा तेजी से कार्य कर रहे हैं। विद्युत वितरण कम्पनी द्वारा सिंहस्थ मेला क्षेत्र में लगभग शत-प्रतिशत विद्युत खम्बे स्थापित किये गये हैं। मेला क्षेत्र के हर सेक्टर के विद्युत खम्बों का रंग अलग-अलग होगा। प्रत्येक बिजली खम्बे पर नम्बर अंकित किये जायेंगे। कम्पनी द्वारा 45 किलोमीटर क्षेत्र में 11 के.व्ही. विद्युत लाइन चार्ज कर दी गयी है। कम्पनी द्वारा इनर रिंग रोड और वाकणकर ब्रिज से सेटेलाइट टाउन तक अतिरिक्त खम्बे लगाये जा रहे हैं। मेला कार्यालय में विद्युत कम्पनी का एक कर्मचारी तैनात किया गया है, जो आवेदन प्राप्त करने का कार्य कर रहा है।

पंचक्रोशी मार्ग पर ग्रामीण टूरिज्म के चार केन्द्र

पंचक्रोशी मार्ग पर श्रद्धालुओं की सुविधा के लिये चार स्थान पर ग्रामीण टूरिज्म केन्द्र बनाये जा रहे हैं। यह केन्द्र जनवरी में बनकर तैयार हो जायेंगे। पंचक्रोशी मार्ग पर 61 हजार 434 पौधे वन विभाग द्वारा रोपित किये गये हैं। विभाग द्वारा मेला क्षेत्र में लकड़ी के अस्थाई डिपो बनाये जायेंगे। इन डिपो के माध्यम से श्रद्धालुओं को जलाऊ लकड़ी उपलब्ध करवायी जायेगी।