OMG यहां के लोग, सोने के बाद 1 महीने तक नहीं उठते

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आज तक आप ऐसे बहुत से लोगों से मिले होंगे जिन्हे बहुत ज़्यादा नींद आती है। वैसे तो आमतौर पर लड़को को नींद इतनी गहरी होती है कि कई बार उन्हे उठाना सामने वाले इंसान के लिए भारी पड़ जाता है। लेकिन कोई इंसान ज़्यादा से ज़्यादा कितना सो सकता है, 1 दिन, 1 दिन या मान लीजिए 3 दिन। लेकिन अगर कोई आपको ये कहे कि कोई ऐसा है जो कि पूरे- पूरे महीने भर सो सकता है, तो शायद आप यही सोचेंगे कि या तो वह इंसान कुंभकरण का भाई होगा या फिर ये एक मज़ाक है। लेकिन आपकी जानकारी के लिए बता दें कि ये कोई मज़ाक नहीं बल्कि एक सच्ची बात है जहां एक गांव के लोग पूरे- पूरे महीने सोए रहते हैं।

जी हां, यहां हम जिस गांव की बात कर रहे हैं वह उत्तरी कज़ाकिस्तान में स्थित है जिसका नाम ‘कलाची’ गांव है। आपको ये जानकर हैरानी होगी कि यहां के लोग कुंभकरण की तरह 6 महिने तो नहीं सो पाते हां लेकिन कुंभकरण के दूर के रिश्तेदारों की तरह एक महीने ज़रुर सो लेते हैं।

नहीं रहता है होश:
इस अंजान सी बीमारी में बच्चे सबसे ज्यादा प्रभावित हैं। इनमें कई बड़े भी शामिल हैं। वहां के लोगों का कहना है‌ कि इस बीमारी से ग्रसित लोग होश में नहीं रहते। लोगों को सोने से पहले यहां इस बात का डर सताता है कि वो फिर शायद कभी उठे ही नहीं।

ये है इस बीमारी के लक्षण:
सोने वाला शख्स थका हुआ सा दिखता है, कुछ बोलता नहीं है और याद्दाश्त भी काफी कमजोर ही रहती है। स्लीपिंग सिकनेस की वजहडॉक्टरों ने सभी ऐसे लोगों की जांच की। उन्होंने देखा कि किसी को भी कोई वायरस या फिर बैक्टीरिया इंफेक्शन नहीं है।

क्या हो सकता है कारण:
डॉक्टरों ने बताया ऐसे लोगों को कई झटके आते हैं और मतिभ्रम के शिकार होते हैं। ठीक ठीक अभी कुछ बताया नहीं जा सकता, पर कहा जा रहा है इस गांव से कुछ मील दूरी पर ही रूस की एक यूरेनियम की खान है। इस खान से निकलता धुंआ हवा को जहरीला बनाता है और उड़ते हुए इस गांव में जा पहुंचता है। तभी लोग टॉक्सीन वाली हवा को सूंघने से ऐसी हालत में पहुंच जाते हैं।