रतलाम। दीपावली के एक दिन पूर्व शहर के मुक्तिधाम दीपों से जगमगाएंगे। दिवंगत पूर्वजों के परिवार और प्रेरणा संस्था के पदाधिकारी श्रद्धांजलि स्वरूप यहां आकर दीप जलाकर रंगोली सजाएंगे। साथ ही मिठाई बांटकर आतिशबाजी भी करेंगे। प्रेरणा संस्था द्बारा शुरू की गई परम्परा के बाद नागरिक इससे जुडऩे लगे और आज सैकड़ों की संख्या में शहर के अलग-अलग क्षेत्रों में त्रिवेणी, जवाहर नगर, और भक्तन की बावड़ी स्थित मुक्तिधाम पर पहुंचकर अपने पूर्वजों को याद कर यहां दीपावली मनाई जाती है।
त्रिवेणीमुक्ति धाम पर जलेंगे 3100 दीप
संस्था की तरफ से 3100 दीप जलाएं जाएंगे। इसके पूर्व आकर्षक रंगोली बनाएंगे। शहरवासियों से आग्रह है कि अधिक से अधिक की संख्या में नरक चतुर्दशी पर मुक्तिधाम पहुंचकर की वे अपने दिवंगत पूर्वजों को याद करते हुए आत्मा शांति और दीपोत्सव पर अंधेरे से ऊजाले की ओर ले जाने की यह परम्परा निभाएंगे।
धीरे-धीरे बढ़ा कारवां
संस्था संयोजक गोपाल सोनी बताते हैं प्रेरणा संस्था द्वारा 9 वर्ष पूर्व परम्परा की शुरुआत त्रिवेणी मुक्तिधाम में की गई थी, जो आज तक जारी है। धीरे-धीरे कारवां बढ़ता गया, सोचा नहीं था यह परम्परा का रूप ले लेगी। उस समय संस्था के सदस्यों ने ही इसे शुरू किया था, साल-दर-साल शहरवासी जुड़ते गए। अब तीनों मुक्तिधामों में अपने-अपने क्षेत्र के सैकड़ों की संख्या में रहवासियों द्वारा दिवंगत पूर्वजों की याद में दीप प्रज्जवलित कर दीपोत्सव मनाया जाता है।